मंगलवार, 11 अगस्त 2015

लोमड़िया के बंधक

लोमड़िया के बंधक

परमआदरणीया सुमित्रा महाजन ,अध्यक्ष लोकसभा ने कांग्रेसी सांसदों की संसद में धींगामुश्ती को देखकर  बहुत व्यथित मन से कहा है : चालीस सांसदों ने ४४० सांसदों को बंधक बना रहे  हैं ।इस पर हमारा कहना यह है कि कांग्रेसी सांसद तो खुद ही बंधक हैं। संसद में हंगामा करने के सिवाय वे और कर ही क्या सकते हैं।  ये आधे संसद के अंदर और आधे संसद के बाहर गलियारों में इस कदर उत्पात मचाये हैं कि अंदर बाहर के शोर में अंतर करना मुश्किल हो गया है। इस शोर में एक शोर पूर्व प्रधानमन्त्री मनमोहन सिंह का भी है। हमारे देश में पूर्वप्रधान्मन्त्री की क्या यही भूमिका रह गई है। अब तो वे अपना परलोक सुधार सकते हैं।

एक और विडंबना देखिये जिस नगा समझौते  की कांग्रेसी मुख्यमंत्री मुक्त कंठ से प्रशंशा कर चुके है अब वही एक लोमड़िया  दिलवाली मल्लिका के भय से उसकी आलोचना कर रहें हैं। कैसी गुलामी  है ये ?एक भी संसद डॉ करन सिंह  को छोड़कर अपनी इयत्ता कायम न रख सका इस लोमड़िया के आतंक से। सबके सब बंधक बने हुए हैं इस लोमड़िया के आतंक के।

हम भगवान से इनकी मुक्ति की कामना करते हैं।  

1 टिप्पणी:

  1. क्या अब जंगल में लोमड़ियों का शासन होगा कि हम शेरों कि या शेरनियों कि भी बात करेंगे।

    उत्तर देंहटाएं